संदेश

गुप्तरत्न : हर किसी की ज़ुबान पर एक ही सवाल है ,

#गुप्तरत्न :भटकने का इरादा यहाँ, और कितने साल है ?

ज़िंदगी ,लो सफर पे आ गई

#गुप्तरत्न कैसे लिखे सरेआम ख्याल अपने .......इरादा भटकने का तेरी गलियों में और

#गुप्तरत्न चुनिदा अल्फ़ाज़ ...आपके लिए

गुप्तरत्न : #guptratn दूर तुझे रखती है ,वरना तू जल जाएगा ll

# इतना रुसवा हुयें उसकी महफ़िल में ,कि डरने लगे अब ,

इतना रुसवा हुयें उसकी महफ़िल में ,कि डरने लगे अब ,

गुप्तरत्न : #गुप्तरत्न:बस कहने को "सच" को गीता और कुरआन में रख...

गुप्तरत्न : #गुप्तरत्न:बस कहने को "सच" को गीता और कुरआन में रख...